*बिहार राजनीति में हलचल तेज....पर धर्य रखे नीतीश युग अभी बाकी हैं !*
*BJP के सियासी चाल*
*एक वरिष्ठ पत्रकार का विश्लेषण* -बीजेपी ने एक साथ दो लोगों को निपटाया.उपेन्द्र कुशवाहा भी हारेंगे? नीतीश तो हार ही गए. कुशवाहा को बीजेपी ने राज्यसभा चुनाव में पांचवां उम्मीदवार बना कर फंसा दिया.कुशवाहा के पास NDA का बचा खुचा 38 वोट है.तीन वोट कहां से जुगाड़ कर पायेंगे?उनके सामने एडी सिंह हैं थैलीशाह राजद उम्मीदवार.महागठबंधन 41 वोट के साथ इंटैक्ट है.हार्स ट्रेडिंग की भी अगर बात आयी तो एडी सिंह के सामने कुशवाहा नहीं टिक पायेंगे.कुशवाहा हारे तो राजनीति ख़त्म.बेटा का मंत्री पद भी जायेगा.बीजेपी बेटा को एमएलसी बना भी सकती है,नहीं भी.एमएलसी नहीं बनाया तो मंत्री कैसे रहेगा?दो क्षेत्रीय दल,दो नेता एक साथ ख़त्म.असल ख़ेल ये है.