पुलिस ने मौके पर पहुंचकर शव को कब्जे में लिया और मामले की गहन जांच शुरू कर दी है. शुरुआती पूछताछ और इलाके के सीसीटीवी फुटेज के आधार पर आरोपियों की पहचान की जा रही है और जल्द ही कानूनी कार्रवाई करने की तैयारी की जा रही है.
जानकारी के अनुसार, हत्या के बाद एक आरोपी ने गुनाह छिपाने के लिए खुद को मरीज बनाकर नवादा सदर अस्पताल के सर्जिकल वार्ड में भर्ती करा लिया. कैमरे के सामने नौटंकी करते हुए घायल दिखाने की कोशिश की गई, ताकि संदेह से बचा जा सके. लेकिन पुलिस को शक हुआ. एसपी अभिनव धीमान के निर्देशन में जांच टीम ने अस्पताल से ही नाबालिग सहित आरोपियों को पकड़ लिया. जांच में पता चला कि नाबालिगों ने प्लानिंग में अहम भूमिका निभाई थी. सभी ने गमछे से गला घोंटने की बात कबूल की है.
एसडीपीओ राकेश कुमार भास्कर ने खुलासा किया कि 24 घंटे के अंदर मामले का उद्भेदन कर लिया गया. गिरफ्तार आरोपियों में सुनील कुमार, दिनेश कुमार और दिनेश यादव शामिल हैं. दो नाबालिगों को जुवेनाइल जस्टिस एक्ट के तहत निरुद्ध किया गया.