SHEOHAR .नशामुक्त बनाने के लिए प्रशासन सख्त, डीएम-एसपी ने ‘जीरो टॉलरेंस’ नीति के तहत दिए कड़े निर्देश*
*शिवहर* जिले को नशामुक्त बनाने और प्रतिबंधित नशीली दवाओं एवं मादक पदार्थों के अवैध कारोबार को जड़ से मिटाने के उद्देश्य से बुधवार, 16 अप्रैल 2026 को जिला पदाधिकारी के कार्यालय प्रकोष्ठ में जिला स्तरीय समिति की बैठक आयोजित की गई।
बैठक की संयुक्त अध्यक्षता जिला पदाधिकारी प्रतिभा रानी और पुलिस अधीक्षक शुभांक मिश्रा ने की।
*ड्रग्स के खिलाफ ‘जीरो टॉलरेंस’ नीति*
बैठक के दौरान जिला पदाधिकारी ने स्पष्ट किया कि जिले में मादक पदार्थों के प्रयोग और क्रय-विक्रय पर रोक लगाने के लिए प्रशासन पूरी तरह प्रतिबद्ध है। ड्रग्स के विरुद्ध 'जीरो टॉलरेंस' की नीति अपनाते हुए कई कड़े दिशा-निर्देश जारी किए गए।
*छापेमारी और निगरानी बढ़ेगी*
गांजा, अफीम और अन्य प्रतिबंधित दवाओं की बिक्री पर पूर्ण प्रतिबंध रहेगा। संदिग्ध ठिकानों और परिवहन मार्गों पर विशेष निगरानी के साथ नियमित छापेमारी का निर्देश दिया गया है। ड्रग इंस्पेक्टर को फार्मेसी और मेडिकल स्टोरों की नियमित जांच सुनिश्चित करने को कहा गया है।
*शिक्षण संस्थानों पर विशेष फोकस*
स्कूलों एवं कॉलेजों के आसपास पुलिस गश्ती बढ़ाई जाएगी। शिक्षा विभाग को निर्देश दिया गया कि युवाओं को नशे के दुष्परिणामों के प्रति सचेत करने के लिए सेमिनार और जागरूकता अभियान चलाए जाएं।
*पुनर्वास पर जोर*
बैठक में नशे की लत से प्रभावित व्यक्तियों को मुख्यधारा में लाने पर भी चर्चा हुई। सरोगा सीताराम सदर अस्पताल में संचालित नशामुक्ति केंद्र को और अधिक सुदृढ़ करने का निर्णय लिया गया।
पुलिस अधीक्षक शुभांक मिश्रा ने सभी थानाध्यक्षों को अपने-अपने क्षेत्रों में खुफिया तंत्र को सक्रिय करने का निर्देश दिया।
प्रशासन की इस पहल का मुख्य उद्देश्य जिले के युवाओं का भविष्य सुरक्षित करना और एक स्वस्थ, अपराध मुक्त समाज का निर्माण करना है।